पर्थ, ऑस्ट्रेलिया : इंतजार आखिरकार खत्म हो गया है। भारतीय सीनियर महिला राष्ट्रीय टीम चार साल के दर्द के बाद अब एएफसी महिला एशियनकप ऑस्ट्रेलिया 2026 में अपने अभियान की शुरुआत करने के लिए तैयार है।
भारत का पहला मुकाबला बुधवार, 4 मार्च 2026 को पर्थ रेक्टैंगुलर स्टेडियम में वियतनाम के खिलाफ खेला जाएगा।
यह मुकाबला भारतीय समयानुसार शाम 4:30 बजे शुरू होगा और इसका सीधा प्रसारण फैनकोड पर किया जाएगा।
ब्लू टाइग्रेसेज़ का विश्वकप का सपना 2022 में अपने ही घर में झटका खा गया था, जब टीम को एएफसी महिला एशियन कप भारत 2022 से हटना पड़ा था।
हालांकि, पिछले वर्ष क्वालिफायर्स में शानदार प्रदर्शन ने भारत को एक और मौका दिलाया। यह पहली बार है जब भारत ने अपने दम पर एशियन कप के लिए क्वालिफाई किया है। इस साल की शुरुआत में भारतीय महिला टीम की मुख्य कोच नियुक्त की गई अमेलिया वालवर्दे ने कहा कि वे अतीत को पीछे छोड़ चुकी हैं।
कोस्टारिका की कोच ने कहा, “वह चार साल पहले की बात है। जिंदगी में संयोग नहीं होते, और हम फिर से यहां खुद को साबित करने का मौका लेकर आए हैं। यह हमारे लिए अपने देश का सर्वश्रेष्ठ तरीके से प्रतिनिधित्व करने का नया अवसर है।”
एएफसी महिला एशियन कप में 12 टीमें भाग ले रही हैं। इस टूर्नामेंट के चार सेमीफाइनलिस्ट सीधे फीफा महिला विश्वकप ब्राजील 2027 के लिए क्वालिफाई करेंगे। क्वार्टरफाइनल में हारने वाली चार टीमों में से दो टीमें आपस में मुकाबला कर एशिया से शेष दोसीधे स्थान तय करेंगी।
बाकी दो टीमें प्ले-ऑफ टूर्नामेंट में जाएंगी, जहां से भी विश्वकप में जगह बनाई जा सकती है। फीफा रैंकिंग में 67वें स्थान पर काबिज ब्लूटाइग्रेसेज़ ने एशियन कप की तैयारी के लिए तीन महाद्वीपों में फैला 52 दिनों का प्रशिक्षण शिविर किया।
वालवर्दे ने कहा, “पिछले कुछ हफ्तों में हमने बहुत मेहनत की है और टीम के भीतर भारत के लिए सर्वश्रेष्ठ परिणाम हासिल करने की प्रेरणा काफी ऊंची है।”
टीम ने अपने शिविर की शुरुआत गुरुग्राम में की, फिर तुर्किये के अंताल्या में प्रशिक्षण लिया और एशियन कप से तीन सप्ताह पहले ही पर्थ पहुंच गई, ताकि परिस्थितियों के अनुरूप ढल सके।
वालवर्दे ने कहा, “तैयारियां अबतक बहुत अच्छी रही हैं। हम पिछले तीन हफ्तों से यहां हैं, जो टीम के लिए काफी मददगार रहा है। हमें अपनी जिम्मेदारियों का पता है और हमारा लक्ष्य मैदान पर अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना है।”
प्री-मैच प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने वियतनाम की टीम की सराहना की।
उन्होंने कहा, “वे एक मजबूत टीम हैं। उन्होंने पिछला विश्वकप खेला है और लंबे समय से एक ही कोच (माईडुकचुंग) के साथ खेल रहे हैं। उनके पास काफी गुणवत्ता है।” उन्होंने आगे कहा, “हमें पता है कि हम किस तरह के प्रतिद्वंद्वी का सामना कर रहे हैं।
लेकिन हमारा काम भारतीय टीम का सर्वश्रेष्ठ रूप दिखाना है और यह सुनिश्चित करना है कि हम पूरी मजबूती के साथ प्रतिस्पर्धा करें।” भारतीय कप्तान स्वीटी देवी नंगबाम भी 2022 की निराशा का हिस्सा रही थीं। हालांकि, उन्होंने भी अपने कोच की भावना दोहराई।
स्वीटी ने कहा, “हमने बहुत अच्छी तैयारी की है। टीम पूरी तरह तैयार है और एएफसी महिला एशियनकप में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन देने पर पूरा ध्यान है। हम यहां तीन सप्ताह पहले आए थे और मुझे लगता है कि यह महासंघ का बहुत अच्छा फैसला था। मौसम के अनुरूप ढलने में इसका फायदा मिला और अब हम चुनौतियों के लिए तैयार हैं।”
वियतनाम के मुख्यकोच माईडुकचुंग ने भी सावधानी बरतते हुए अपनी टीम के आत्मविश्वास को जताया। उन्होंने कहा, “हमारी तैयारी अच्छी रही है, लेकिन हमें मजबूत टीमों का सामना करना है।
हमें उनसे तालमेल बैठाने की कोशिश करनी होगी। हमने जो तैयारी की है, उसे कल मैदान पर दिखाएंगे। “पहले से बहुत कुछ कहना मुश्किल है, लेकिन हमें पता है कि हमें बहुत मेहनत करनी होगी। हम टीम की तैयारी से काफी खुश हैं।”











