हाईलाइट्स
- बागडोगरा में हुई बीएफआई की दो दिवसीय बैठक
- खिलाड़ियों के विकास, ओलंपिक तैयारियों और महासंघ की स्थिरता पर चर्चा
बागडोगरा। भारतीय मुक्केबाजी महासंघ (बीएफआई) ने खिलाड़ियों के विकास और ओलंपिक लक्ष्यों को प्राथमिकता देते हुए दो दिवसीय ‘मिशन ओलंपिक पोडियम’ बैठक आयोजित की।
इसमें महासंघ की 35 अधिकृत राज्य इकाइयों में से 21 ने हिस्सा लिया। बैठक में राज्य इकाइयों के बीच समन्वय मजबूत करने, प्रतिभाशाली मुक्केबाजों को आगे बढ़ाने और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की सफलता के लिए बेहतर व्यवस्था विकसित करने पर जोर दिया गया।
बैठक में 18 राज्य इकाइयों के प्रतिनिधि व्यक्तिगत रूप से शामिल हुए, जबकि तीन इकाइयां वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़ीं। मिजोरम और झारखंड की तदर्थ समितियों के प्रतिनिधियों के साथ बीएफआई की एथलीट्स समिति के खिलाड़ी प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।
खिलाड़ियों का विकास और ओलंपिक लक्ष्य प्राथमिकता
यह बैठक महासंघ के निलंबित महासचिव प्रमोद कुमार से जुड़े विवाद के बीच हुई। हालांकि, चर्चा का मुख्य केंद्र मुक्केबाजी का खेल कार्यक्रम, राज्य इकाइयों के साथ तालमेल और खिलाड़ियों की तैयारियों को बेहतर बनाना रहा।
बीएफआई अध्यक्ष अजय सिंह ने कहा कि महासंघ की जिम्मेदारी मुक्केबाजों और उनके भविष्य के प्रति है। अधिकृत राज्य इकाइयों के बहुमत की भागीदारी इस बात का संकेत है कि वे खिलाड़ियों को प्राथमिकता देते हुए ओलंपिक लक्ष्यों की दिशा में मिलकर काम करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
उन्होंने कहा कि मुक्केबाजी के विकास की शुरुआत राज्यों से होती है। प्रतिभाओं की पहचान करने, प्रशिक्षकों को सहयोग देने और खिलाड़ियों को आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराने के लिए मजबूत व्यवस्था जरूरी है।
इससे मुक्केबाजों को अधिक प्रतिस्पर्धात्मक अनुभव मिलेगा और उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए तैयार किया जा सकेगा।
राज्य इकाइयों के साथ समन्वय पर जोर
दो दिवसीय बैठक में प्रतिनिधियों ने ‘मिशन ओलंपिक पोडियम’ पहल पर विचार-विमर्श किया। चर्चा में खिलाड़ियों के अनुभवों और उनके दृष्टिकोण को भी शामिल किया गया, ताकि उनकी जरूरतों के अनुरूप प्रशिक्षण और विकास की व्यवस्था तैयार की जा सके।
बीएफआई ने कहा कि महासंघ की प्राथमिकता संस्थागत स्थिरता बनाए रखने, राज्य इकाइयों के साथ समन्वय मजबूत करने और मुक्केबाजों के विकास को अपने कामकाज के केंद्र में रखने की है।
बैठक का उद्देश्य ऐसी व्यवस्था को आगे बढ़ाना रहा, जो खिलाड़ियों को निरंतर प्रशिक्षण, बेहतर प्रतिस्पर्धात्मक अवसर और सर्वोच्च स्तर पर प्रदर्शन करने के लिए जरूरी सहयोग उपलब्ध करा सके।
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