लखनऊ। हेल्प यू एजुकेशनल एंड चैरिटेबल ट्रस्ट के तत्वावधान में “नि:शुल्क होम्योपैथिक परामर्श, निदान एवं दवा वितरण शिविर हेल्प यू एजुकेशनल एंड चैरिटेबल ट्रस्ट के इंदिरा नगर, सेक्टर 25 स्थित कार्यालय में आयोजित हुआ। शुभारंभ ट्रस्ट के प्रबंध न्यासी हर्षवर्धन अग्रवाल तथा चिकित्सक डॉ संजय कुमार राणा ने दीप प्रज्वलन करके किया।
परामर्शदाता डॉ संजय कुमार ने कहा कि होम्योपैथी एक ऐसी संपूर्ण उपचार पद्धति का नाम है जो बड़ी कोमलता के साथ शरीर की प्राकृतिक पुनर्जीवन दायक उपचारकारी प्रक्रिया में सहायता देती है। आधुनिक चिकित्सा पद्धति (एलोपैथी) में रसायनों का बहुतायत उपयोग किया जाता है जिसके प्रभाव से मानव शरीर की प्राकृतिक क्रियाएं प्रभावित होती हैं।
वहीं रोग से ज्यादा रोगी दवाओं के दुष्प्रभाव से परेशान हो जाता है। Remedy is Worse than the disease होम्योपैथिक चिकित्सा पूर्णतया दुष्प्रभाव से मुक्त है एवं पुराने रोगों में लंबे निदान के लिए श्रेष्ठतम है इसलिए होम्योपैथी को
प्रभावी व सुरक्षित चिकित्सा पद्धति कहा गया है।
इस अवसर पर ट्रस्ट के प्रबंध न्यासी हर्षवर्धन अग्रवाल ने डॉक्टर संजय कुमार राणा का आभार जताते हुए कहा कि, “हमारा भारत एक विशाल देश है। जन सामान्य की अज्ञानता, आहार-विहार के नियमों के प्रति उदासीनता, स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही आदि के कारण देश में रोगियों की संख्या दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है।
इतनी बड़ी संख्या को चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराना आसान कार्य नहीं है। होम्योपैथी ने इस दिशा में सराहनीय
कार्य किया है क्योंकि यह एक हानि रहित और कम खर्चीली चिकित्सा पद्धति है तथा इस सरल सी पद्धति द्वारा जटिल से जटिल रोगों की चिकित्सा बड़ी आसानी से की जा सकती है।
ये भी पढ़े : समानता की बात हो, सबसे पहले महिलाओं का साथ दें महिलाएं
होम्योपैथी शिविर में विभिन्न बीमारियों जैसे कि, सीने में दर्द होना, भूख न लगना, सांस फूलना, ह्रदय व गुर्दे की बीमारी, मधुमेह (Diabetes /Sugar), रक्तचाप (Blood Pressure), उलझन या घबराहट होना, पेट में दर्द होना, गले में दर्द होना, थकावट होना, पीलिया (Jaundice), थायराइड (Thyroid), बालों का झड़ना (Hair Fall) आदि से पीड़ित 82 रोगियों के वजन, रक्तचाप (Blood Pressure) तथा मधुमेह (Sugar-Random) की जांच की गयी।
डॉ.संजय कुमार राणा ने परामर्श प्रदान किया तथा निःशुल्क होम्योपैथी दवा प्रदान की l महिलाएं, पुरुष, बुजुर्गों तथा बच्चों सभी उम्र के लोगों ने होम्योपैथी परामर्श लिया।