कानपुर। उत्तर प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (यूपीसीए) की ओर से प्रदेश के उभरते हुए तेज गेंदबाजों की तलाश के लिए ‘यूपीसीए स्पीड हंट’ अभियान चलाया जा रहा है। इस विशेष प्रतिभा खोज कार्यक्रम का उद्देश्य उत्तर प्रदेश के प्रतिभाशाली फास्ट बॉलर्स की पहचान कर उन्हें पेशेवर प्रशिक्षण और आगे बढ़ने का अवसर उपलब्ध कराना है।
1 और 2 जुलाई को होंगे ‘यूपीसीए स्पीड हंट’ के ट्रायल
इस अभियान के तहत पूरे प्रदेश से 35 प्रतिभाशाली तेज गेंदबाजों का चयन किया जाएगा। नि:शुल्क पंजीकरण के लिए खिलाड़ियों का उत्साह देखने को मिला है और बड़ी संख्या में युवा क्रिकेटरों ने इसमें हिस्सा लेने के लिए आवेदन किया है।
बीसीसीआई के उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला की परिकल्पना को आगे बढ़ाते हुए शुरू की गई इस पहल का उद्देश्य लड़कों और लड़कियों, दोनों वर्गों में तेज गेंदबाजों की मजबूत नई पीढ़ी तैयार करना है। साथ ही प्रदेश के प्रत्येक क्षेत्र में छिपी प्रतिभाओं को पहचान कर उन्हें राज्य, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचने का अवसर देना भी इसका लक्ष्य है।
पंजीकरण के आधार पर ट्रायल के लिए सात केंद्र निर्धारित किए गए हैं। इनमें गाजीपुर, प्रयागराज, गोरखपुर, लखनऊ, कानपुर, आगरा और मेरठ शामिल हैं। यह अभियान 16 से 24 वर्ष आयु वर्ग के लड़के और लड़कियों के लिए आयोजित किया जा रहा है।
अब तक गाजीपुर, प्रयागराज, गोरखपुर और लखनऊ में ट्रायल सफलतापूर्वक संपन्न हो चुके हैं। अभियान का अगला चरण 1 और 2 जुलाई को कानपुर के कमला क्लब में आयोजित होगा।
इस केंद्र के लिए ललितपुर, महोबा, हमीरपुर, रायबरेली, कानपुर नगर, औरैया, झांसी, बांदा, फतेहपुर, जालौन, कानपुर देहात और कन्नौज समेत 12 जिलों से 1,700 से अधिक खिलाड़ियों ने पंजीकरण कराया है।
ट्रायल प्रतिदिन दो स्लॉट में आयोजित किए जाएंगे, ताकि सभी खिलाड़ियों की चयन प्रक्रिया व्यवस्थित और सुचारु रूप से पूरी की जा सके। खिलाड़ियों का मूल्यांकन एक पेशेवर और वैज्ञानिक प्रक्रिया के तहत किया जाएगा।
यूपीसीए स्पीड हंट की सबसे बड़ी विशेषता इसमें आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल है। खिलाड़ियों की गेंदबाजी की गति रडार गन से मापी जा रही है, जबकि उनके प्रदर्शन का विश्लेषण और मूल्यांकन कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) आधारित तकनीक की मदद से किया जा रहा है।
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पूरी चयन प्रक्रिया अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप पारदर्शी, निष्पक्ष और तकनीक आधारित बनाई गई है। चयनित खिलाड़ियों को आगे यूपीसीए के माध्यम से विशेषज्ञ प्रशिक्षण, मार्गदर्शन और आवश्यक सहयोग प्रदान किया जाएगा, ताकि वे अपनी प्रतिभा को निखारते हुए उत्तर प्रदेश और भारतीय क्रिकेट में भविष्य बना सकें।
यूपीसीए लगातार जमीनी स्तर पर क्रिकेट को मजबूत करने के साथ-साथ प्रदेश की प्रतिभाओं को उचित मंच उपलब्ध कराने की दिशा में कार्य कर रहा है। ‘यूपीसीए स्पीड हंट’ इसी प्रयास की महत्वपूर्ण कड़ी है, जिसके माध्यम से भविष्य के तेज गेंदबाजों को पहचान कर उन्हें आगे बढ़ने का अवसर दिया जा रहा है।












