करण सिंह ने रचा इतिहास, हार्डकोर्ट पर पहली बार जीता युगल खिताब

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चंडीगढ़ : राउंडग्लास टेनिस अकादमी (आरजीटीए) के खिलाड़ी करण सिंह ने कजाकिस्तान के अस्ताना स्थित नेशनल टेनिस सेंटर में आयोजित आईटीएफ मेन्स वर्ल्ड टेनिस टूर एम15 का युगल खिताब अपने नाम कर लिया। यह करण के करियर का छठा आईटीएफ खिताब और युगल वर्ग में तीसरा खिताब है।

रूस के मार्टिन बोरिसियुक के साथ जोड़ी बनाकर खेल रहे करण और मार्टिन ने फाइनल में मेजबान देश की जोड़ी दानियल रखमतुल्लायेव और दामिर झालगासबायिन को सीधे सेटों में 6-3, 6-2 से हराकर खिताब पर कब्जा किया।

बिना वरीयता प्राप्त इस भारत-रूस की जोड़ी ने पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया। अभियान की शुरुआत में उन्होंने चौथी वरीयता प्राप्त रूस की जोड़ी निकिता इयानिन और आंद्रेई कुनित्सिन को 6-1, 2-6, 10-2 से हराकर बड़ा उलटफेर किया।

क्वार्टर फाइनल में करण और मार्टिन ने एक अन्य रूसी जोड़ी स्वियातोस्लाव लुत्कोव्स्की और येवगेनी फिलिप्पोव को 6-1, 2-6, 10-8 से मात दी। यह मुकाबला भी टाई-ब्रेक तक गया और भारतीय-रूसी जोड़ी ने दबाव में शानदार प्रदर्शन करते हुए जीत हासिल की।

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सेमीफाइनल में करण और मार्टिन का सामना भारत के चिराग दुहान और पाकिस्तान के मुजम्मिल मुर्तजा की जोड़ी से हुआ। एक और रोमांचक मुकाबले में, जिसका फैसला टाई-ब्रेक में हुआ, करण और मार्टिन ने शीर्ष वरीयता प्राप्त जोड़ी को 6-3, 3-6, 10-7 से हराकर फाइनल में प्रवेश किया।

करण, जो वर्तमान में पुरुष एकल में भारत के सातवें नंबर के खिलाड़ी हैं, ने इस साल इससे पहले आईटीएफ एम15 हैदराबाद का खिताब भी जीता था। वह भारतीय टीम का हिस्सा भी रहे हैं, जिसने फरवरी में बेंगलुरु में आयोजित डेविस कप क्वालीफायर्स में नीदरलैंड्स के खिलाफ ऐतिहासिक जीत दर्ज की थी।

अस्ताना में जीता गया यह युगल खिताब हार्ड कोर्ट पर करण का पहला युगल खिताब भी है। इससे पहले युगल वर्ग में उनके दोनों खिताब तेहरान (2025) और ब्राज़ाविल (2024) में क्ले कोर्ट पर आए थे।

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