लेह, लद्दाख : हिमालयी क्षेत्र में आइस हॉकी को बढ़ावा देने की दिशा में रॉयल एनफील्ड सोशल मिशन की प्रतिबद्धता अब एक नए अध्याय में प्रवेश कर रही है।
रॉयल एनफील्ड आइस हॉकी लीग और स्पीति कप के उभरते खिलाड़ी पहली बार भारतीय सेना और आईटीबीपी की टीमों के साथ प्रतिस्पर्धा करेंगे
इसी क्रम में पहली बार ‘चैलेंजर्स कप’ का आयोजन 1 से 6 अगस्त, 2026 तक लेह के नवान्ग दोरजाय स्टोबदान (एनडीएस) स्टेडियम में किया जाएगा। इस टूर्नामेंट का उद्देश्य लद्दाख और स्पीति के आइस हॉकी इकोसिस्टम से उभरती प्रतिभाओं को एक साझा मंच प्रदान करना है।

चैलेंजर्स कप में दो स्थापित संस्थागत टीमें—भारतीय सेना आइस हॉकी टीम और आईटीबीपी की सेंट्रल आइस हॉकी टीम—तीन नवगठित क्षेत्रीय टीमों लेह किंग्स, कारगिल वॉरियर्स और स्पीति टाइटंस के खिलाफ मुकाबला करेंगी। इन क्षेत्रीय टीमों का गठन रॉयल एनफील्ड आइस हॉकी लीग और स्पीति कप से चयनित उभरते खिलाड़ियों के साथ किया गया है।
पहला चैलेंजर्स कप लद्दाख और स्पीति की प्रतिभाओं को पहली बार एक ही प्रतियोगिता में साथ लेकर आएगा। प्रमुख खिलाड़ियों में शामिल हैं:
• लेह किंग्स: टीम की अगुवाई सीज़न 3 की चैंपियन टीम कांग्स सिंग के कप्तान कर्मा रिग्याल स्टीन करेंगे, जबकि पूर्व टूर्नामेंट एमवीपी मुश्ताक अहमद गिरी भी टीम का हिस्सा होंगे।
• कारगिल वॉरियर्स: टीम में पिछले सीज़न के सर्वाधिक गोल करने वाले खिलाड़ी और चैंपियन टीम के सहायक कप्तान वसीम बिलाल के साथ उपविजेता पुरीग वॉरियर्स के कप्तान सज्जाद हुसैन शामिल होंगे।
• स्पीति टाइटंस: टीम का नेतृत्व पिन ज़ोन के तंजिन दोरजे करेंगे, जो हाल ही में संपन्न स्पीति कप के दूसरे सर्वाधिक गोल करने वाले खिलाड़ी रहे।
खिलाड़ियों के विकास को ध्यान में रखते हुए राउंड-रॉबिन प्रारूप में आयोजित इस प्रतियोगिता के दौरान नागरिक टीमों के लिए विशेष प्रशिक्षण सत्र भी आयोजित किए जाएंगे। टूर्नामेंट का समापन 6 अगस्त, 2026 को चैंपियनशिप फाइनल के साथ होगा।

आइशर ग्रुप फाउंडेशन के निदेशक विग्यात सिंह ने कहा, “चैलेंजर्स कप हिमालय में आइस हॉकी इकोसिस्टम को मजबूत बनाने की हमारी दीर्घकालिक प्रतिबद्धता की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम है।
पिछले कुछ वर्षों में हमने स्थानीय खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और समुदायों के जुनून तथा समर्पण के बल पर इस खेल को लगातार विकसित होते देखा है।
यह नई पहल प्रतिस्पर्धात्मक मुकाबलों के अधिक अवसर उपलब्ध कराने और वर्षभर चलने वाले विकास कार्यक्रमों को आगे बढ़ाने का माध्यम बनेगी। अगस्त में इस प्रतियोगिता का आयोजन इस बात का भी प्रमाण है कि आइस हॉकी अब धीरे-धीरे केवल सर्दियों तक सीमित नहीं रह गई है। हम इस यात्रा और स्थानीय समुदाय के विकास में अपना सहयोग निरंतर जारी रखेंगे।”

भारतीय सेना और आईटीबीपी जैसी स्थापित संस्थागत टीमों के खिलाफ खेलने से इन खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय प्रतिस्पर्धा का महत्वपूर्ण अनुभव मिलेगा, जिससे उनका विकास एक सुव्यवस्थित और पेशेवर वातावरण में जारी रहेगा।
रॉयल एनफील्ड के वर्षभर चलने वाले आइस हॉकी कार्यक्रम के तहत चैलेंजर्स कप यह भी दर्शाता है कि लेह में हाल ही में शुरू की गई अत्याधुनिक ऑल-सीज़न कृत्रिम आइस रिंक पारंपरिक सर्दियों के मौसम से आगे बढ़कर नियमित प्रशिक्षण, प्रतियोगिताओं और सामुदायिक गतिविधियों का केंद्र बन सकती है।
यह पहल लद्दाख में रॉयल एनफील्ड के आइस हॉकी कार्यक्रम के लगातार विकास की अगली कड़ी है। पिछले सीज़न में रॉयल एनफील्ड समर्थित आइस हॉकी आयोजनों में 34,000 से अधिक स्थानीय लोगों की भागीदारी दर्ज की गई, जो पूरे क्षेत्र में इस खेल की बढ़ती लोकप्रियता को दर्शाती है।
तीन सफल सीज़नों के दौरान रॉयल एनफील्ड आइस हॉकी लीग भारत के सबसे सशक्त समुदाय-आधारित खेल मंचों में से एक बनकर उभरी है, जिसने लेह, कारगिल, नुब्रा, शाम, शाकर चिक्तान, ज़ांस्कर, चांगथांग तथा लाहौल एवं स्पीति जैसे क्षेत्रों में जमीनी स्तर की प्रतिभाओं को विकसित किया है।
लद्दाख तथा लाहौल एवं स्पीति की आइस हॉकी एसोसिएशनों और स्थानीय समुदायों के साथ मिलकर कार्य करते हुए रॉयल एनफील्ड सोशल मिशन एक टिकाऊ, जमीनी स्तर पर विकसित खेल पारिस्थितिकी तंत्र तैयार करने की दिशा में लगातार काम कर रहा है, जिससे हिमालयी खिलाड़ियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों तक पहुंचने के बेहतर अवसर मिल सकें।













