हाईलाइट्स
- बैंकिंग और वित्तीय सेवा क्षेत्र में युवाओं को मिलेगा इंडस्ट्री आधारित प्रशिक्षण
- रोजगार के अवसरों से जोड़ने पर जोर
लखनऊ। बैंकिंग और वित्तीय सेवा क्षेत्र में करियर बनाने के इच्छुक युवाओं को बेहतर प्रशिक्षण और रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से फिनएक्स इंस्टीट्यूट (पूर्व में बीएसई इंस्टीट्यूट) ने लखनऊ में अपना नया एकेडमिक कैंपस शुरू किया है।
रतन स्क्वायर, विधान सभा मार्ग स्थित कैंपस का उद्घाटन एसबीआई म्यूचुअल फंड के प्रेसिडेंट एवं सीबीओ मनीष मेहता और छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय, कानपुर के प्रो-वाइस चांसलर डॉ. सुधांशु पांड्या ने संयुक्त रूप से किया।
उद्घाटन समारोह में बैंकिंग, म्यूचुअल फंड, बीमा और वित्तीय सेवा क्षेत्र से जुड़े वरिष्ठ अधिकारियों के साथ विभिन्न विश्वविद्यालयों एवं शैक्षणिक संस्थानों के प्रतिनिधि शामिल हुए।
कार्यक्रम की शुरुआत कैंपस डायरेक्टर विराग जैन के स्वागत संबोधन से हुई। उन्होंने कहा कि संस्थान का उद्देश्य लखनऊ और आसपास के युवाओं को बैंकिंग एवं वित्तीय सेवा (बीएफएसआई) क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण और उद्योग आधारित शिक्षा उपलब्ध कराना है।
इसके लिए उद्योगों और शैक्षणिक संस्थानों के साथ मिलकर इंटर्नशिप, प्लेसमेंट और वित्तीय साक्षरता को बढ़ावा दिया जाएगा। साथ ही वंचित वर्गों के युवाओं को वित्तीय कौशल का प्रशिक्षण देकर लखनऊ को बीएफएसआई क्षेत्र के प्रमुख प्रतिभा केंद्र के रूप में विकसित करने का प्रयास किया जाएगा।
फिनएक्स के सीईओ हिमांशु व्यपक ने कहा कि उत्तर प्रदेश के युवाओं को बैंकिंग, कैपिटल मार्केट और फिनटेक जैसे तेजी से बढ़ते क्षेत्रों में करियर बनाने के लिए अपने शहर में ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और इंडस्ट्री एक्सपोजर मिलना चाहिए। संस्थान इसी दिशा में प्रशिक्षण और प्लेसमेंट सहयोग उपलब्ध कराने पर काम कर रहा है।
समारोह में कोटक बैंक के स्टेट हेड सुनील गुरनानी, आईसीआईसीआई बैंक के रीजनल हेड अभय शुक्ला, बंधन बैंक के स्टेट हेड अनुराग श्रीवास्तव, फ्रैंकलिन टेम्पलटन के स्टेट हेड गौरव नागर, एचडीएफसी लाइफ के वैभव त्रिपाठी और लखनऊ मैनेजमेंट एसोसिएशन के वाइस चेयरमैन प्रवीण कुमार सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।
संस्थान की ओर से बैंकिंग, फाइनेंस, कैपिटल मार्केट, डेटा साइंस और फिनटेक से जुड़े डिग्री, डिप्लोमा और प्रोफेशनल सर्टिफिकेशन कोर्स संचालित किए जाते हैं।
फिनएक्स के अनुसार, 300 से अधिक उद्योग विशेषज्ञों के सहयोग से संस्थान प्रतिवर्ष करीब 10 हजार प्रतिभागियों को प्रशिक्षण देता है। इसके अलावा देशभर के 350 से अधिक कॉलेजों और विश्वविद्यालयों के साथ इसकी साझेदारी है।
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